दशहरा, दिवाली, छठ पर घर जाना होगा अब और आसान, अगले महीने से नई ट्रेन चलाने की तैयारी में रेलवे, बिहार पर खास ध्यान

अब दशहरा, दिवाली या छठ पर झारखंड-बिहार के प्रवासियों को घर जाना होगा अब और आसान, अगले महीने से नई ट्रेन चलाने की तैयारी में रेलवे, बिहार पर खास ध्यान

झारखंड-बिहार के (Jharkhand Bihar Special Train) निवासी हैं ओर काम के सिलसिले मे किसी दूसरे राज्य में   रहते है  और दशहरा, दिवाली  पर घर जाण चाहते है तो यह खबर आपके लिए बड़े काम की है. जी हां… लक्दाउन की वजह से ज्यदातर रेल गाडिया स्तःगित कर दी गई थी  लेकिन अब  भारतीय रेल कोरोना काल में सभी स्वास्थ्य प्रोटोकॉल को ध्यान में रखते हुए चलाई जा रही ट्रेनों की संख्या में अगले माह से और बढ़ोतरी करने की योजना पर काम कर रहा है.

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार भारतीय रेल त्योहार के दौरान अक्टूबर और नवंबर की संभावित यात्री संख्या को देखते हुए व्यस्ततम रूटों पर लगभग 80 और नई ट्रेन चलाई की योजना पर काम कर रहा है.  आपको बता दें कि इन दो महीनों में दशहरा, दिवाली, नवरात्रि, भाई दूज, छठ जैसे त्योहार पड रहे हैं और इस सीजन पर बहुत से लोग अपने काम की जगहों से अपने मूल स्लोथान की तरफ लौटते है, जिस से रेल व्गयवस्था पर दबाब बाद जाता है इस को मध्य नजर रखते हुए रेल मंत्रालय द्वारा इस गाड़ियों की संख्या बढाने पर विचार किया जा रहा है.

रेलवे द्वारा चलाई जाने वाली ट्रेनों की बात करें तो इनमें अधिकांश गैर वातानुकूलित श्रेणी (सभी दर्जे) की होगी, जो त्योहारी सीजन में आम आदमी की यात्रा में सुविधाजनक होगी. आपको बता दें कि रेलवे अभी स्पेशल श्रेणी की ट्रेनों के साथ 40 क्लोन ट्रेन चला रही है. अधिकांश क्लोन ट्रेन वातानुकूलित श्रेणी की है, जिसमें किराया ज्यादा है. यही वजह है कि यह आम यात्री के सफर के लिहाज से लाभदायक नहीं है. हालांकि इससे मूल ट्रेन पर दबाव कम हुआ है, लेकिन शयनयान और सामान्य श्रेणी में यात्रा करने वाले यात्रियों की दिक्कतें अभी तक कम नहीं हुईं हैं.

त्योहारों का महीना : आपको बता दें कि अक्टूबर-नवंबर में जब दुर्गा पूजा, दशहरा, दिवाली और छठ जैसे बड़े त्यौहार आते हैं उस समय यात्रियों की संख्या बढ जाती है. खासकर ट्रेनों में यात्रियों की संख्या में बढोतरी हो जाती है. रेलवे इस स्थिति के मद्देनजर अगले माह से लगभग 80 ट्रेन और चलाने की तैयारी पर काम कर रहा है जिनमें आधी से ज्यादा बिहार और बंगाल को जोड़ने वाली होंगी. बताया जा रहा है कि यह सभी ट्रेनें भी विशेष श्रेणी वाली होंगी जो सभी आरक्षित कोच वाली होगी. जनरल कोच में भी सोशल डिस्टेंसिंग बनाए रखने के लिए आरक्षण की सुविधा रेलवे की ओर से की जाएगी.

जानें झारखंड-बिहार के लिए सम्भ्वावित  ट्रेनों के बारे में

-10 ट्रेन बिहार और दिल्ली के बीच चलेंगी. ये ट्रेनें बिहार के सहरसा, राजेंद्र नगर, राजगीर, दरभंगा और मुजफ्फरपुर से चलेंगी.

-दो ट्रेनें बिहार से ही कटिहार से दिल्ली के लिए चलेंगी और वापसी करेंगी.

-उत्तर रेलवे 10 ट्रेनों (5 जोड़े) चलाएगा जो दिल्ली और बिहार के बीच चलेंगी. इसके अलावा ट्रेनें पश्चिम बंगाल से दिल्ली, पंजाब से पश्चिम बंगाल, उत्तर प्रदेश से दिल्ली तक चलाने का काम रेलवे की ओर से किया जाएगा.

-दक्षिण मध्य रेलवे दानापुर (बिहार) से सिकंदराबाद के बीच दो ट्रेनों का संचालन करेगा. ये ट्रेनें वापस भी होंगी. दक्षिण पश्चिम रेलवे 6 ट्रेनें (3 जोड़े) चलाएगा जो गोवा और दिल्ली, कर्नाटक-बिहार और कर्नाटक-दिल्ली के बीच चलेंगी.

– पश्चिम रेलवे 10 ट्रेनें (5 जोड़े) चलाएगा जो बिहार (दरभंगा) -गुजरात (अहमदाबाद), दिल्ली-गुजरात, बिहार (छपरा) से गुजरात (सूरत), मुंबई-पंजाब, गुजरात (अहमदाबाद) -बिहार (पटना) के बीच दौडेंगी